जशपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: नाबालिग से दुष्कर्म और छेड़छाड़ के 9 आरोपी गिरफ्तार, सूचना के चंद घंटों में पुलिस ने दबोचा

जशपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: नाबालिग से दुष्कर्म और छेड़छाड़ के 9 आरोपी गिरफ्तार, सूचना के चंद घंटों में पुलिस ने दबोचा

जशपुरनगर | 21 फरवरी 2026 जिले के थाना नारायणपुर क्षेत्रांतर्गत एक नाबालिग बालिका के साथ दुष्कर्म और महिला से छेड़छाड़ के सनसनीखेज मामले में जशपुर पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए सभी 9 आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देशन में गठित विशेष टीमों ने घेराबंदी कर घटना के महज कुछ ही घंटों के भीतर आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुँचा दिया।

क्या है पूरा मामला?

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, प्रार्थी की 35 वर्षीय भतीजी और 13 वर्षीय बेटी 17 फरवरी को मेहमाननवाजी से वापस अपने गांव लौट रही थीं। शाम के वक्त रास्ते में एक चौक के पास नौ युवकों ने उनके साथ छेड़छाड़ शुरू कर दी। डर के मारे महिला भागकर घर पहुँची और परिजनों को सूचना दी। जब परिजन मौके पर पहुँचे तो आरोपी वहां से भाग निकले।

दो दिन बाद नाबालिग पीड़िता ने परिजनों को आपबीती सुनाई कि एक आरोपी ने उसके साथ जबरन दुष्कर्म किया, जबकि अन्य आरोपी वहां खड़े होकर घटना को देख रहे थे। मामले को दबाने के लिए आरोपियों ने पीड़ित पक्ष को पैसे का लालच दिया और पुलिस के पास जाने पर जान से मारने की धमकी भी दी।

पुलिस की त्वरित घेराबंदी

मामले की गंभीरता और पीड़िता की उम्र को देखते हुए एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने तत्काल चार विशेष टीमों का गठन किया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी नीरज लकड़ा (23 वर्ष) और एक 17 वर्षीय अपचारी बालक सहित कुल 9 आरोपियों को धर दबोचा। पकड़े गए अन्य सहयोगियों में समीर मिंज, तेलेस्फोर मिंज, आनंद मिंज, रितेश कुमार टोप्पो, सुनीत तिर्की, अविनाश तिर्की और सत्या मिंज शामिल हैं।

कठोर धाराओं में मामला दर्ज

नारायणपुर पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध बीएनएस (BNS) की विभिन्न धाराओं (137, 87, 96, 64, 65(1), 70(1), 70(2), 127(2), 351(2)) तथा पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) की धारा 5 व 6 के तहत मामला पंजीबद्ध किया है। बालिग आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजा जा रहा है, वहीं विधि से संघर्षरत बालक को बाल संप्रेषण गृह भेजा जाएगा।

पुलिस की प्रतिबद्धता

इस सफल कार्रवाई में निरीक्षक राकेश कुमार यादव सहित पूरी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। डीआईजी एवं एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने कड़ा संदेश देते हुए कहा:

"महिलाओं और बच्चों से संबंधित अपराधों को लेकर जशपुर पुलिस अत्यंत संवेदनशील है। ऐसे जघन्य अपराधों में संलिप्त किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।"