सावधान! जशपुर में लू का अलर्ट: केंद्र और राज्य सरकार ने जारी की सख्त गाइडलाइन, दोपहर 12 से 3 बजे तक बाहर निकलने से बचें

सावधान! जशपुर में लू का अलर्ट: केंद्र और राज्य सरकार ने जारी की सख्त गाइडलाइन, दोपहर 12 से 3 बजे तक बाहर निकलने से बचें

जशपुरनगर | 12 अप्रैल 2026 देशभर में पड़ रही भीषण गर्मी और तापमान में लगातार हो रही वृद्धि को देखते हुए भारत सरकार के गृह मंत्रालय और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) ने लू (तापघात) से बचाव के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। जशपुर जिला प्रशासन ने भी इन निर्देशों का कड़ाई से पालन करने और नागरिकों को सतर्क रहने की अपील की है।

लू के लक्षणों को न करें नजरअंदाज

विशेषज्ञों के अनुसार, शरीर में पानी और नमक की कमी लू का मुख्य कारण बनती है। यदि किसी व्यक्ति को सिर में भारीपन, तेज बुखार, चक्कर आना, उल्टी, पसीना न आना या बेहोशी जैसे लक्षण दिखें, तो उसे तुरंत छायादार स्थान पर ले जाएं। शरीर पर ठंडे पानी का छिड़काव करें और जल्द से जल्द नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाएं।

आम नागरिकों के लिए जरूरी सलाह:

  • धूप से बचें: दोपहर 12 से 3 बजे के बीच अनावश्यक बाहर न निकलें।

  • पहनावा: बाहर निकलते समय सिर और कान को कपड़े से ढकें, सूती कपड़े पहनें और सनग्लास का उपयोग करें।

  • खान-पान: पर्याप्त पानी पिएं, ओआरएस (ORS), नींबू पानी या लस्सी का सेवन करें। भूख न लगने पर भी हल्का भोजन लें।

  • घर को रखें ठंडा: घर की खिड़कियों पर पर्दे लगाएं और रात में ठंडी हवा आने दें।

मजदूरों और कर्मचारियों के लिए विशेष निर्देश

नियोक्ताओं और श्रम विभाग को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि:

  • कार्य समय में बदलाव: मनरेगा और निर्माण कार्यों के समय में बदलाव किया जाए ताकि मजदूरों को दोपहर की कड़ी धूप में काम न करना पड़े।

  • सुविधाएं: कार्यस्थल पर ठंडे पानी, शेड (छाया) और विश्राम की पर्याप्त व्यवस्था हो।

  • पुलिसकर्मी: ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को कूलिंग जैकेट, पानी और सनस्क्रीन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

विभागों को सौंपी गई जिम्मेदारी:

  1. स्वास्थ्य विभाग: सभी अस्पतालों में ओआरएस की उपलब्धता और 108-104 एम्बुलेंस सेवाओं को अलर्ट पर रखा गया है।

  2. नगरीय निकाय: सार्वजनिक स्थानों पर वाटर एटीएम और प्याऊ केंद्रों की स्थापना करेंगे। बेघरों के लिए अस्थायी आश्रय की व्यवस्था की जाएगी।

  3. शिक्षा विभाग: स्कूलों के समय में परिवर्तन और पेयजल सुनिश्चित करने के निर्देश।

  4. पशु चिकित्सा एवं वन विभाग: मवेशियों और वन्यजीवों के लिए जलस्रोतों व चारे की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।

  5. परिवहन विभाग: बस स्टैंडों पर यात्रियों के लिए प्राथमिक उपचार और पीने के पानी के इंतजाम रहेंगे।

प्रशासन की अपील: बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखें। किसी भी आपात स्थिति में तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। सरकार राज्य स्तर पर नोडल अधिकारियों के माध्यम से स्थिति की निरंतर समीक्षा कर रही है ताकि जनहानि को रोका जा सके।


मुख्य सुझाव: अपने घर के बाहर पक्षियों और बेजुबान जानवरों के लिए पानी के बर्तन जरूर रखें।